बीजापुर। जिला अस्पताल बीजापुर की लगातार बिगड़ती स्वास्थ्य सेवाओं ने अब जिले के व्यापारियों को भी चिंतित कर दिया है। इसी मुद्दे को लेकर व्यापारी संघ बीजापुर ने गुरुवार को कलेक्टर संबित मिश्रा को ज्ञापन सौंपा और स्वास्थ्य व्यवस्था में तत्काल सुधार की मांग की। संघ ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि सात दिनों के भीतर समस्याओं का निराकरण नहीं किया गया तो व्यापारी संघ चरणबद्ध आंदोलन की राह अपनाएगा।व्यापारी संघ के अध्यक्ष ईश्वर सोनी ने कलेक्टर को सौंपे ज्ञापन में कहा कि जिला अस्पताल जैसी महत्वपूर्ण स्वास्थ्य इकाई में ब्लड टेस्ट, अन्य पैथोलॉजी जांच, एक्स-रे और अल्ट्रासाउंड जैसी आवश्यक सेवाएं लंबे समय से सुचारू रूप से संचालित नहीं हो रही हैं। तकनीशियनों की कमी, मशीनों की खराबी, उपयुक्त ऑपरेटरों का अभाव और जरूरी दवाइयों की अनुपलब्धता के कारण मरीजों को निजी लैबों व क्लीनिकों का सहारा लेना पड़ रहा है, जहां महंगी जांच और उपचार से आम जनता पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ रहा है।
संघ ने बताया कि जिला मुख्यालय जैसे महत्वपूर्ण स्थान पर स्थित सरकारी अस्पताल में जांच सेवाओं का ठप होना गंभीर जनसरोकार से जुड़ा मुद्दा है, जिसका सीधा असर हजारों लोगों के स्वास्थ्य पर पड़ रहा है। ज्ञापन में मांग की गई है कि अस्पताल की सभी बंद पड़ी जांच सेवाओं को तुरंत बहाल किया जाए, आवश्यक तकनीशियन उपलब्ध कराए जाएं और उपकरणों की मरम्मत या बदली जल्द से जल्द सुनिश्चित की जाए। इसके साथ ही अस्पताल की नियमित मॉनिटरिंग कर स्वास्थ्य सेवाओं में पारदर्शिता व जवाबदेही तय करने की भी आवश्यकता है।व्यापारी संघ ने कहा कि जनता की स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं नजरअंदाज नहीं की जा सकतीं। अगर प्रशासन सात दिनों में ठोस कदम नहीं उठाता, तो संघ मजबूरी में शांतिपूर्ण आंदोलन शुरू करेगा। कलेक्टर संबित मिश्रा ने संघ की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए शीघ्र कार्रवाई का भरोसा दिया है। जिले के लोग उम्मीद कर रहे हैं कि प्रशासनिक स्तर पर जल्द सुधारात्मक कदम उठाकर अस्पताल की स्थिति सामान्य की जाएगी, ताकि मरीजों को राहत मिल सके।








