बीजापुर।त्यौहारों का राजा मानी जाने वाली दीपावली का पर्व इस बार बीजापुर समेत पूरे जिले में उत्साह और उल्लास के साथ मनाया जा रहा है। धनतेरस के दिन से ही बाजारों में रौनक दिखाई देने लगी थी, और अब दिवाली के एक दिन पहले तक यह रौनक अपने चरम पर पहुंच गई है। शहर के मुख्य बाजारों से लेकर ग्रामीण हाट-बाजार तक हर ओर खरीदारी का माहौल है। लोग सोना–चांदी, बर्तन, कपड़े, इलेक्ट्रॉनिक सामान, मिठाई और पटाखे की दुकानों में उमड़ रहे हैं।
धनतेरस पर दिखी पारंपरिक चमक
धनतेरस के अवसर पर बीजापुर नगर सहित भोपालपटनम, उसूर, तोयनार, गंगालूर, भैरमगढ़, बासागुड़ा जैसे इलाकों के बाजारों में लोगों ने जमकर खरीदारी की। परंपरा के अनुसार धनतेरस के दिन सोना, चांदी, बर्तन या नया सामान खरीदना शुभ माना जाता है। इसी वजह से ज्वेलरी शोरूम और बर्तन दुकानों पर सुबह से ही भीड़ उमड़ने लगी। लोग अपनी सामर्थ्य के अनुसार चांदी के सिक्के, गहने, पीतल–स्टील के बर्तन और गृह उपयोगी सामान खरीदते नजर आए। दुकानदारों के चेहरों पर भी रौनक देखी गई।
अब दिवाली की तैयारी चरम पर
धनतेरस के अगले ही दिन से बाजारों में कपड़े, मिठाई और पटाखों की खरीददारी के लिए लोगों का सैलाब उमड़ पड़ा। महिलाएं और बच्चे नए कपड़े खरीदने दुकानों में जुटे रहे, वहीं मिठाई की दुकानों पर सुबह से ही कतारें देखी जा रही हैं। जलेबी, गुलाबजामुन, लड्डू, बर्फी और अन्य मिठाइयों की खुशबू से पूरा बाजार महक उठा है। इसके साथ ही पटाखों की दुकानों पर भी खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। बच्चे फुलझड़ी, अनार, चकरी, बम और रॉकेट खरीदने में मशगूल हैं।
इलेक्ट्रॉनिक और गिफ्ट आइटम्स की दुकानों में भी भीड़
इस बार दिवाली में इलेक्ट्रॉनिक सामानों की खरीदारी में भी इजाफा देखा जा रहा है। एलईडी टीवी, फ्रिज, वॉशिंग मशीन, मोबाइल और अन्य घरेलू उपकरणों की बिक्री बढ़ी है। इसके साथ ही सजावटी लाइटें, झूमर और रंगीन बल्ब की दुकानों में भी ग्राहकों की भीड़ लगी हुई है। कई लोग अपने घरों और दुकानों को आकर्षक रोशनी से सजा रहे हैं।
घर–दुकान सजे रोशनी से, बाजारों में झिलमिलाहट
बीजापुर नगर के मुख्य मार्ग, बस स्टैंड रोड, गांधी चौक, सुभाष चौक और अन्य गलियों में रोशनी की झिलमिलाहट ने त्योहारी माहौल को और भी खुशनुमा बना दिया है। हर ओर रंगीन झालरें, दीये और इलेक्ट्रिक लाइटों की चमक से पूरा शहर जगमगा उठा है। दुकानों के बाहर रंगोली बनाई गई है, वहीं घरों की सजावट में लोगों ने विशेष रुचि दिखाई है। कई परिवारों ने मिट्टी के दीये और पारंपरिक सजावट का प्रयोग कर “देसी दिवाली” का माहौल बनाया है।
दुकानदारों में खुशी, कारोबार में बढ़ोतरी
बीजापुर के प्रमुख व्यापारियों ने बताया कि इस बार धनतेरस और दिवाली पर पिछले वर्षों की तुलना में बेहतर बिक्री हुई है। पिछले कुछ सालों में मंदी और नक्सल प्रभाव के कारण व्यापार सुस्त था, लेकिन इस बार खरीदारों की भीड़ से व्यापारी बेहद खुश हैं। सोना-चांदी, कपड़े, मिठाई और इलेक्ट्रॉनिक बाजारों में 25 से 30 प्रतिशत तक की वृद्धि दर्ज की गई है।
ग्रामीण इलाकों में भी गूंजा त्यौहार का उत्साह
केवल नगर ही नहीं, बल्कि जिले के सुदूर ग्रामों में भी दिवाली का उल्लास देखा जा रहा है। गोटूपल्ली, उसपरी, मंडीमरका, तोयनार और बासागुड़ा जैसे क्षेत्रों में भी ग्रामीणों ने अपने घरों को सजाया है। बच्चों और युवाओं में पटाखों को लेकर खासा उत्साह देखा जा रहा है। वहीं, महिलाएं पारंपरिक व्यंजन बनाने की तैयारी में जुटी हैं।
सुरक्षा और स्वच्छता पर प्रशासन की अपील
दिवाली के अवसर पर जिला प्रशासन ने भी आम जनता से सुरक्षित एवं प्रदूषण मुक्त दिवाली मनाने की अपील की है। पुलिस प्रशासन ने बाजारों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की है। अग्निशमन दल और स्वास्थ्य विभाग की टीमें भी सतर्क रखी गई हैं। नगर पंचायत द्वारा सफाई व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया गया है ताकि त्यौहार के दौरान बाजारों और सड़कों पर स्वच्छता बनी रहे।
दीपोत्सव बनेगा सामाजिक एकता का प्रतीक
बीजापुर में दीपावली केवल धार्मिक पर्व नहीं, बल्कि सामाजिक एकता और भाईचारे का प्रतीक भी बनती जा रही है। सभी समुदायों के लोग मिलजुलकर एक-दूसरे को बधाई दे रहे हैं। हर ओर खुशी और उत्साह का वातावरण है।
व्यापारियों और नागरिकों में उम्मीदें
त्योहारी रौनक के बीच व्यापारी समुदाय को आने वाले दिनों में बेहतर कारोबार की उम्मीद है। वहीं, आम नागरिक मानते हैं कि यह दिवाली जिले में समृद्धि, शांति और खुशहाली का संदेश लेकर आएगी।
“सुरक्षा, विश्वास और विकास” की रोशनी में नहाया बीजापुर
बीजापुर का यह दीपोत्सव इस बार केवल दीपों की रौशनी तक सीमित नहीं, बल्कि “सुरक्षा, विश्वास और विकास” की नई किरण भी बिखेर रहा है। हाल के वर्षों में जिले में हो रहे विकास कार्यों, शांति प्रयासों और सामाजिक सहभागिता ने जनता में विश्वास जगाया है। इस दीपावली में वही विश्वास चारों ओर उजाला फैला रहा है।
धनतेरस से लेकर दिवाली तक बीजापुर जिले में त्योहार की रौनक अपने चरम पर है। हर वर्ग के लोगों में उत्साह है। जहां एक ओर दुकानदार खुश हैं, वहीं ग्राहक भी प्रसन्न हैं। रंग, रोशनी और खुशियों से सराबोर यह दिवाली बीजापुर को नई ऊर्जा और आशा से भर देगी — यही कामना हर किसी की जुबां पर है।








